Saturday, October 15, 2016

इंटरनेट के 10 में से 7 यूजर ग्रामीण भारत से !

इंटरनेट के 10 में से 7 यूजर ग्रामीण भारत से !
( बिजनेस स्टेंडर्ड दि.19/8/2016 में  प्रकाशित समाचार )

इंटरनेट की पहुंच बढ़ने के कारण वर्ष 2020 तक ग्रामीण भारत में इसके उपयोगकर्ताओं की संख्या बढ़कर 73 करोड़ तक पहुंच सकती है.  नैसकॉम और अकामाई टेक्नोलॉजी की एक संयुक्त रिपोर्ट के मुताबिक इंटरनेट के करीब 10 नए उपयोगकर्ताओं में से 7 का संबंध ग्रामीण क्षेत्रों से होगा.  वर्तमान में भारतीय इंटरनेट उपभोक्ताओं की संख्या करीब 40 करोड़ है.  लेकिन अगले 30 करोड़ नए उपयोगकर्ताओं में से 75 फीसदी ग्रामीण भारत से जुड़ें होंगे.  साथ ही इतनी ही संख्या में लोग स्थानीय भाषा में डेटा का इस्तेमाल करेंगे.  रिपोर्ट के मुताबिक चीन के बाद इंटरनेट उपभोक्ताओं की संख्या में भारत का स्थान आता है.  वैश्विक रूप से वर्ष 2020 तक करीब दुनिया की आधी जनसंख्या के पास इंटरनेट उपलब्ध होगा.  नैसकॉम के अध्यक्ष आर. चंद्रशेखर ने कहा कि भारत इंटरनेट उपभोग में पहले ही अमेरिका से आगे निकल गया है और वैश्विक रूप से दूसरे स्थान पर है.  वर्ष 2020 तक यह देश के और दूरदराज के भूभागों में फैलेगा जिससे हर किसी के लिए और अवसर पैदा होंगे

Wednesday, October 12, 2016

साइबर कानून के उल्लंघन

साइबर कानून के उल्लंघन को मोटे तौर से दो क्षेत्रों में बांटा जा सकता है।

·                     पहला, बौद्विक सम्पदा अधिकार के क्षेत्र में उल्लघंन: मैंने इस विषय पर विस्तार से चर्चा,   अलग सन्दर्भ में, अपनी श्रंखला '', 'पेटेंट और कंप्यूटर प्रोग्राम', 'ओपेन सोर्स सौफ्टवेर', और 'लिनेक्स की कहानी' में की है।
·                     दूसरा, अन्य क्षेत्र में उल्लघंन: यह उल्लघंन मुख्य रूप से सूचना प्रोद्योगिकी अधिनियम के प्रावधानों का उल्लघंन है। इसे सामान्य भाषा में साइबर अपराध (Cyber crime) कहा जाता है।

सूचना प्रोद्योगिकी अधिनियम में साइबर अपराध के लिए दो तरह के उपाय दिए गये है।

·                     पहला, दीवानी उपाय (Civil relief): इसमें जो भी व्यक्ति आपको नुकसान पहुँचाता है उससे आप हर्जाना प्राप्त कर सकते हैं। लेकिन यह मुकदमे सिविल न्यायालयों  में नही चलते। इन मुकदमे को तय करने के लिए एक अलग से अधिकारी (Adjudicating Officer) नियुक्त किया जाता है। इस समय प्रत्येक राज्य में उनके इंफॉरमेशन तकनीक के सक्रेटरी ही यह अधिकारी है। इनके फैसले की अपील साइबर ट्रियूब्नल मे होती है। उसके बाद इनकी अपील हाई कोर्ट में दाखिल की जा सकती है।

·                     दूसरा फौजदारी अभियोग (Criminal Prosecution): इसमें साइबर कानून के  उल्लघंन करने वालो को सजा हो सकती है। इसके लिए पुलिस में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करानी पड़ती है और मुकदमा फौजदारी अदालत में ही चलता है।

इंटरनेट

इंटरनेट
इंटरनेट का सफर, १९७० के दशक में, विंट सर्फ (Vint Cerf) और बाब काहन् (Bob Kanh) ने शुरू किया गया। उन्होनें एक ऐसे तरीके का आविष्कार किया, जिसके द्वारा कंप्यूटर पर किसी सूचना को छोटे-छोटे पैकेट में तोड़ा जा सकता था और दूसरे कम्प्यूटर में इस प्रकार से भेजा जा सकता था कि वे पैकेट दूसरे कम्प्यूटर पर पहुंच कर पुनः उस सूचना कि प्रतिलिपी बना सकें - अथार्त कंप्यूटरों के बीच संवाद करने का तरीका निकाला। इस तरीके को ट्रांसमिशन कंट्रोल प्रोटोकॉल {Transmission Control Protocol (TCP)} कहा गया।

सूचना का इस तरह से आदान प्रदान करना तब भी दुहराया जा सकता है जब किसी भी नेटवर्क में दो से अधिक कंप्यूटर हों। क्योंकि किसी भी नेटवर्क में हर कम्प्यूटर का खास पता होता है। इस पते को इण्टरनेट प्रोटोकॉल पता {Internet Protocol (I.P.) address} कहा जाता है। इण्टरनेट प्रोटोकॉल (I.P.) पता वास्तव में कुछ नम्बर होते हैं जो एक दूसरे से एक बिंदु के द्वारा अलग-अलग किए गए हैं।

सूचना को जब छोटे-छोटे पैकेटों में तोड़ कर दूसरे कम्प्यूटर में भेजा जाता है तो यह पैकेट एक तरह से एक चिट्ठी होती है जिसमें भेजने वाले कम्प्यूटर का पता और पाने वाले कम्प्यूटर का पता लिखा होता है। जब वह पैकेट किसी भी नेटवर्क कम्प्यूटर के पास पहुंचता है तो कम्प्यूटर देखता है कि वह पैकेट उसके लिए भेजा गया है या नहीं। यदि वह पैकेट उसके लिए नहीं भेजा गया है तो वह उसे आगे उस दिशा में बढ़ा देता है जिस दिशा में वह कंप्यूटर है जिसके लिये वह पैकेट भेजा गया है। इस तरह से पैकेट को एक जगह से दूसरी जगह भेजने को इण्टरनेट प्रोटोकॉल {Internet Protocol (I.P.)} कहा जाता है।

अक्सर कार्यालयों के सारे कम्प्यूटर आपस में एक दूसरे से जुड़े रहते हैं और वे एक दूसरे से संवाद कर सकते हैं। इसको Local Area Network (LAN) लैन कहते हैं। लैन में जुड़ा कोई कंप्यूटर या कोई अकेला कंप्यूटर, दूसरे कंप्यूटरों के साथ टेलीफोन लाइन या सेटेलाइट से जुड़ा रहता है। अर्थात, दुनिया भर के कम्प्यूटर एक दूसरे से जुड़े हैं। इण्टरनेट, दुनिया भर के कम्प्यूटर का ऎसा नेटवर्क है जो एक दूसरे से संवाद कर सकता है।

Internet is network of all computers, or a global network of computers, capable of communicating with each other.